शेयर बाजार में बड़ी गिरावट, बैंकिंग शेयरों में बिकवाली से सेंसेक्स 500 अंक से ज्यादा लुढ़का, निफ्टी 24,200 के करीब

मुंबई: सप्ताह के पहले कारोबारी दिन सोमवार को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत तेज गिरावट के साथ हुई। शुरुआती कारोबार में बैंकिंग शेयरों में भारी बिकवाली का दबाव देखने को मिला, जिससे सेंसेक्स 500 अंकों से अधिक टूट गया, जबकि निफ्टी 24,200 के आसपास कारोबार करता नजर आया। वैश्विक बाजारों से मिले कमजोर संकेत और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों ने भी निवेशकों की धारणा पर असर डाला।

शुरुआती कारोबार में बाजार पर दबाव

बीएसई सेंसेक्स ने शुरुआती कारोबार में फ्लैट शुरुआत की, लेकिन कुछ ही मिनटों में इसमें करीब 500 अंकों की गिरावट दर्ज हो गई। वहीं एनएसई निफ्टी 50 भी करीब 144 अंकों की कमजोरी के साथ 24,190 के आसपास पहुंच गया। पिछले सप्ताह दोनों प्रमुख सूचकांक बढ़त के साथ बंद हुए थे, लेकिन नए सप्ताह की शुरुआत कमजोरी के साथ हुई।

बैंकिंग शेयरों में सबसे ज्यादा दबाव

आज के कारोबार में बैंकिंग सेक्टर सबसे अधिक दबाव में रहा। एचडीएफसी बैंक, एक्सिस बैंक और कोटक महिंद्रा बैंक के शेयरों में तेज गिरावट देखने को मिली। वहीं इंडिगो, बजाज फाइनेंस, महिंद्रा एंड महिंद्रा, हिंदुस्तान यूनिलीवर, बीईएल, एटरनल, मारुति सुजुकी और एशियन पेंट्स के शेयर भी लाल निशान में कारोबार करते दिखे।

इन कंपनियों के शेयरों में रही मजबूती

गिरते बाजार के बीच कुछ दिग्गज कंपनियों के शेयरों में खरीदारी देखने को मिली। टेक महिंद्रा सबसे अधिक बढ़त वाले शेयरों में शामिल रहा। इसके अलावा आईसीआईसीआई बैंक, एचसीएल टेक, रिलायंस इंडस्ट्रीज, सन फार्मा, इन्फोसिस, टीसीएस, भारती एयरटेल, एसबीआई, एनटीपीसी, एलएंडटी, पावर ग्रिड, अल्ट्राटेक सीमेंट, टाटा स्टील, आईटीसी, टाइटन और अडाणी पोर्ट्स के शेयरों में भी शुरुआती बढ़त दर्ज की गई।

गिरावट की प्रमुख वजहें

विश्लेषकों के मुताबिक, वैश्विक बाजारों से मिले कमजोर संकेत, अमेरिका-ईरान तनाव के बीच कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और बैंकिंग शेयरों में मुनाफावसूली की वजह से बाजार पर दबाव बना। ब्रेंट क्रूड के 90 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर बने रहने से ऊर्जा आयात को लेकर भी निवेशकों की चिंता बढ़ी है।

एशियाई बाजारों का मिला-जुला रुख

सोमवार को एशियाई शेयर बाजारों में भी मिश्रित कारोबार देखने को मिला। जापान का निक्केई और दक्षिण कोरिया का कोस्पी कमजोरी के साथ कारोबार करते दिखे, जबकि ऑस्ट्रेलिया का एएसएक्स 200 बढ़त में रहा। वहीं अमेरिकी वायदा बाजारों में हल्की मजबूती दर्ज की गई, लेकिन कच्चे तेल की कीमतों में तेजी निवेशकों की चिंता का कारण बनी हुई है।

Related posts